स्वास्थ्य, दीर्घायु तथा नए उपक्रमों के आरंभ के लिए अनुकूल। इस पृष्ठ पर 2026 में हर आयुष्मान योग की सूची आपके स्थान के लिए आरंभ और समाप्ति समय सहित दी गई है।
नाम का अर्थ: दीर्घायु
आयुष्मान का अर्थ है "दीर्घायु से युक्त", और इस योग को स्वास्थ्य, जीवनी शक्ति तथा स्थायित्व से जुड़ा माना जाता है। यह अठारह शुभ योगों में सम्मिलित है और किसी एक विशेष अनुष्ठान वर्ग के बजाय सामान्यतः कल्याण से जोड़ा जाता है।
मुहूर्त ग्रंथ दीर्घायु के इस मूल भाव को उन कार्यों तक विस्तारित करते हैं जिनका उद्देश्य स्थायित्व हो — आरोग्य हेतु उपचार आरंभ करना, शक्ति निर्माण हेतु कोई क्रम शुरू करना, अथवा केवल ऐसा दिन चुनना जहाँ स्थायित्व ही मुख्य लक्ष्य हो। इसका स्वभाव सर्वथा जीवनदायी और अनुकूल है।
हाँ — इसके नाम का शाब्दिक अर्थ ही "दीर्घायु" है, और मुहूर्त ग्रंथ इसे स्वास्थ्य, आरोग्य तथा स्थायित्व से जुड़े कार्यों के साथ-साथ सामान्य मांगलिक उपयोग के लिए भी शुभ मानते हैं।
नित्य योग सूर्य और चंद्रमा के देशांतर के योग (न कि अंतर, जैसा तिथि में होता है) पर आधारित 27 अवधियों में से एक है, प्रत्येक 13°20' चौड़ी। यह इसी पृष्ठ पर सूचीबद्ध रवि योग या सर्वार्थ सिद्धि योग जैसे विशेष मुहूर्त योगों से भिन्न है — वे तिथि, नक्षत्र और वार के संयोजन से बनते हैं, जबकि नित्य योग हमेशा सक्रिय रहने वाला पंचांग का एक मूल अंग है।