वृद्धि, विस्तार तथा समृद्धि के लिए अनुकूल — नाम का अर्थ ही "बढ़ोतरी" है। इस पृष्ठ पर 2026 में हर वृद्धि योग की सूची आपके स्थान के लिए आरंभ और समाप्ति समय सहित दी गई है।
नाम का अर्थ: वृद्धि, बढ़ोतरी
वृद्धि का अर्थ है बढ़ोतरी, और इस योग को उसी भाव में समझा जाता है — केवल आरंभ के बजाय वृद्धि के लिए अनुकूल। यह शुभ योगों में सम्मिलित है और चक्र के सर्वाधिक प्रत्यक्ष रूप से समृद्धि से जुड़े योगों में से एक है।
शास्त्रीय ग्रंथ वृद्धि को हर प्रकार के विस्तार के लिए अनुकूल मानते हैं — व्यवसाय का विस्तार, बचत में वृद्धि, परिवार का विस्तार, अथवा ऐसा कोई भी कार्य जिसका मूल्य समय के साथ बढ़ता जाए। यह योग आरंभ के क्षण से अधिक निरंतर वृद्धि की ओर उन्मुख है।
हर प्रकार की वृद्धि — इसका नाम ही बढ़ोतरी है, और मुहूर्त ग्रंथ इसे व्यवसाय के विस्तार, बचत में वृद्धि, अथवा ऐसे किसी भी कार्य के लिए अनुकूल मानते हैं जिसका मूल्य केवल आरंभ में नहीं, अपितु समय के साथ बढ़े।
नित्य योग सूर्य और चंद्रमा के देशांतर के योग (न कि अंतर, जैसा तिथि में होता है) पर आधारित 27 अवधियों में से एक है, प्रत्येक 13°20' चौड़ी। यह इसी पृष्ठ पर सूचीबद्ध रवि योग या सर्वार्थ सिद्धि योग जैसे विशेष मुहूर्त योगों से भिन्न है — वे तिथि, नक्षत्र और वार के संयोजन से बनते हैं, जबकि नित्य योग हमेशा सक्रिय रहने वाला पंचांग का एक मूल अंग है।